ढाबा/फ़ास्ट फ़ूड/रेस्टोरेन्ट प्रशिक्षण के माध्यम से रोजगार सृजन

योजना का नाम :ढाबा/फ़ास्ट फ़ूड/रेस्टोरेन्ट प्रशिक्षण के माध्यम से रोज़गार सृजन की योजना

योजना का उद्देश्य

खाद्य सामग्री हेतु ढाबा/फास्ट फ़ूड/रेस्टोरेन्ट की मांग शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में दिनों दिन बढ़ती जा रही है | जनसामान्य की मांग को दृष्टिगत रखते हुए, समाज को स्वच्छ स्नैक्स व खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने हेतु ढाबा/फास्ट फ़ूड/रेस्टोरेन्ट प्रशिक्षण आयोजित किया जा रहा है |  इसके अतिरिक्त, बेरोज़गार युवक भी प्रशिक्षण ग्रहण करने के उपरांत अपनी पूंजी इन व्यवसायों में निवेश कर अपनी जीविका अर्जन कर सकते हैं | इसके साथ ही सामान्य जनता भी ऐसा कर सकती है |

योजना का क्रियान्वयन

इस योजना के अंतर्गत, प्रशिक्षण का आयोजन विभिन्न जनपदों में राजकीय सामुदायिक फल प्रसंस्करण एवं प्रशिक्षण केन्द्रों द्वारा किया जाएगा |    अल्पसंख्यकों के प्रवेश का परिमाणीकरण निदेशालय द्वारा जारी किए गए दिशा निर्देशों के अनुसार किया जाएगा | प्रशिक्षण कार्यक्रम 14 दिनों की अवधि के होंगे जिसमें समस्त भारत के व्यंजन व कुछ अन्य प्रसिद्ध भारतीय व्यंजनों के पकाने की कला विशेष शेफ़ द्वारा प्रदान की जाएगी |  

प्रशिक्षण की विस्तृत जानकारी निमन्वत है


क्रम संख्या

विवरण

धनराशि (रूपये में)

1

अनुदान

3000

2

कार्यालय

4000

3

लेखन सामग्री व फ़ार्म्स की छपाई

13000

4

कार्यालय फ़र्नीचर व उपकरण

3000

5

वाहनों का अनुरक्षण व पैट्रोल इत्यादि

4000

6

प्रकाशन

8000

7

अन्य व्यय

8000

8

सामग्री एवं पूर्णता

7000

योग

50000

प्रति कार्यक्रम आवंटित धनराशि – रुपये 50,000/-

अनुदान –

ढाबा/फास्ट फूड/रेस्टोरेन्ट के प्रशिक्षण द्वारा, रोजगार सृजन हेतु 14 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम  आयोजित किया जाएगा, इसमें मानदेय के आधार पर अतिथि वक्ताओं द्वारा 6 दिन वक्तव्य प्रदान किया जाएगा |  अतिथि वक्ताओं के रूप में विश्वविद्यालय/तकनीकी शिक्षण संस्थानों/रेस्टोरेंट्स/होटल उद्योग/ऋण दाता बैंकों/ होटल मैनेजमेंट संस्थानों/प्रबंधन संस्थानों/पर्यटन विभाग तथा खाद्य सुरक्षा विभाग से आमंत्रित विशेषज्ञों को प्रति लेक्चर रुपए 500/- का भुगतान किया जाएगा |

कार्यालयीय व्यय

इस मद में, कार्यालय से समाबंधित व्यय को समायोजित किया जाएगा |

प्रकाशन, लेखन सामग्री तथा फ़ार्मों की छापाई : - 

इस विवरण के अंतर्गत, प्रशिक्षुओं को कार्यक्रम में प्रयुक्त होने वाली सामग्री यथा पेन, रजिस्टर (120 पन्नों का) तथा बैग जिन पर “

उद्यान व खाद्य प्रसंस्करण विभाग उत्तर प्रदेश, ढाबा/फ़ास्टफ़ूड/रेस्टोरेन्ट प्रशिक्षण कार्यक्रम तथा केंद्र

छपा होगा, का व्यय सम्मिलित किया जाएगा

वाहनों का अनुरक्षण एवं पैट्रोल इत्यादि का क्रय :

इस मद के अंतर्गत,  अतिथि व्याख्याताओं को उनके घर से  प्रशिक्षण केंद्र तक लाने व ले जाने हेतु किराये पर लिए गए वाहनों पर होने वाले व्यय का भुगतान किया जाएगा |

सामग्री एवं पूर्णता:- 

इस मद के अंतर्गत, कच्चे माल के क्रय, रंग-रसायन, ईंधन, पैकिंग सामग्री इत्यादि पर होने वाले व्यय को सम्मिलित किया जाएगा |

अन्य व्यय :

इस मद में अन्य आकस्मिक व्ययों को सम्मिलित किया जाएगा | प्रत्येक प्रशिक्षण कार्यक्रम की समाप्ति  पर  प्रशिक्षुओं द्वारा निर्मित उत्पादों की प्रदर्शनी का आयोजन किया जाएगा, जिसका निरीक्षण विशेष आमंत्रित अतिथियों द्वारा किया जाएगा | जिन अभ्यर्थियों के उत्पाद प्रथम, द्वितीय अथवा तृतीय स्थान पर घोषित किए गए हों, उन्हें आमंत्रित विशेष अतिथियों द्वारा पुरस्कृत किया जाएगा | 
जारी की गई धनराशि से अधिक का व्यय नहीं किया जाना चाहिए तथा ऐसा केवल शासनादेशों/नियमों/दिशानिर्देशों में निहित शर्तों/प्राविधानों के अनुसार ही किया जाना चाहिए | आहरण एवं संवितरण अधिकारी किसी भी प्रकार की अनियमितता हेतु उत्तरदायी होगा | 
किन्हीं विशिष्ट परिस्थितियों में स्वीकृत धनराशि, निर्दिष्ट प्रयोजनों में प्रयोग किए जाने पर उन के व्यय के विवरण को भी अकाउंट स्टेटमेंट के आडिट सहित  सरकार के सम्मुख समय पर प्रस्तुत किया जाएगा | इस विवरण का लेजर व लेखा निदेशक, उद्यान व खाद्य प्रसंस्करण, लखनऊ द्वारा भारत के नियंत्रक एवं महालेखाकार को अथवा उनके द्वारा अधिकृत किसी अधिकारी को अवलोकन/परीक्षण हेतु उपलब्ध कराया जाएगा  |
निम्न योजना के अंतर्गत, न्यूनतम दो प्रशिक्षण प्रति कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे | प्रतिदिन प्रशिक्षण कार्यक्रम न्यूनतम 3 घंटे हेतु चलाया जाएंगा जिसके दौरान सैद्धांतिक व प्रायोगिक प्रशिक्षण प्रत्येक 1:30 घंटे का होगा |

1. सूप एवं जूस आधारित प्रशिक्षण

इसके अंतर्गत इच्छुक लाभार्थियों को विभिन्न प्रकार के सूप यथा गाजर सूप, टमाटर की क्रीम का सूप/पालक की क्रीम का सूप/दाल का सूप/स्कॉच शोरबा/अदरक सूप/मक्के का सूप  बनाने का प्रशिक्षण रोजगार सृजन के उद्देश्यों के निमित्त प्रदान किया जाएगा |

सैद्धांतिक

पाक कला के उद्देश्य व विधियाँ, कच्चे माल की पूर्ण जानकारी, सूप व इसके प्रकार (वर्गीकरण), परोसने का     अभ्यास, सफ़ाई (खाद्य सुरक्षा) व सभी प्रकार के फल व सब्ज़ियों पर आधारित पेय पदार्थ |

प्रायोगिक

टमाटर सूप के लगभग 15 प्रकार, मिश्रित सब्ज़ियाँ, चिकन तथा अंतर्राष्ट्रीय सूप, सभी प्रकार के फल व         सब्ज़ियों पर आधारित पेय पदार्थ आदि |

2. स्नैक्स आधारित प्रशिक्षण

इसके अंतर्गत, इच्छुक लाभार्थियों को रोज़गार के उद्देश्य से प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा | विभिन्न स्नैक्स यथा वेज कबाब, मलाई चाप , भरवां पनीर पकोड़ा , वेज कटलेट, उत्तपम चटनी,/उपमा/ मसालेदार मैक्रोनी, वेज बर्गर, मटन बर्गर, पिज़्ज़ा, पाव भाजी, हरी धनिया का रोल, सैंडविच, ढोकला, इडली दोसा, सांबर, वेज मंचूरियन, मोमोज, तथा अखिल भारतीय व्यंजन इत्यादि का प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा | 

सैद्धांतिक

उद्देश्य व कुकिंग की विधियाँ, प्रयोग होने वाले कच्चे माल की पूर्ण जानकारी , सेंकाई का तरीका, केक, ब्रेड व बिस्कुट बनाने का तरीका, स्वच्छता व सफाई (खाद्य सुरक्षा) |

प्रायोगिक

विभिन्न प्रकार के कबाब, कुकीज़, दालमोठ, कटलेट, पिज़्ज़ा  व बिस्कुट |

3. चाइनीज़ व्यंजन आधारित प्रशिक्षण :-

इसके अंतर्गत, इच्छुक लाभार्थियों को रोजगार के उद्देश्य से प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा | जिसमें विभिन्न प्रकार की चाईनीज़ डिशेज़  यथा चाउमीन, चिल्ली पनीर/चिली पोटैटो/ चाईनीज़फ़्राइड राइस,वेज/पनीर मंचूरियन, चाईनीज़ चिल्ली पनीर इत्यादि का प्रशिक्षण सम्मिलित होगा |

सैद्धांतिक

चाईनीज़ कुकिंग पद्धति, सफ़ाई एवं स्वच्छता (खाद्य सुरक्षा)

प्रायोगिक

सूप, नूडल्स, शंघाई, मंचूरियन, फ़्राइड राइस, चिल्ली चिकन इत्यादि |

4. कॉन्टीनेंटल आधारित प्रशिक्षण (ढाबा प्रशिक्षण – ग्रामीण क्षेत्र के लिए)

इसके अंतर्गत, रोजगार प्रदान करने के उद्देश्य से इच्छुक लाभार्थियों को विभिन्न प्रकार की डिशेज़ बनाने का प्रशिक्षण दिया जाएगा | इन डिशेज़ में मैक्रोनी आ-ग्रेटीन/वेज आ-ग्रेटीन, वाल्ड्राफ़ सलाद/कोल स्लाव, स्कॉच एग्ज़/शेफ़्डस पाई, फिश-एन-चिप्स/फिश-ए-ला-एंग्लेज, स्पिनेच सौफ़ल/पिज़्ज़ा स्काल्प्ड पोटैटो/क्रीम्ड पोटैटो, बेक्ड बटर चिकन इत्यादि सम्मिलित होंगे |

सैद्धान्तिक (अ)

शहरी क्षेत्रों के लिए, कांटीनेंटल पकवान सिद्धान्त , सफाई एवं स्वच्छता (खाद्य सुरक्षा)

प्रायोगिक

वेज आ-ग्रेटीन, कोस्ला, फ़िश-एन-चिप्स

सैद्धान्तिक (ब)

ग्रामीण क्षेत्रों के लिए विभिन्न पराछा/विशेष क्षेत्रों के पकवान

प्रायोगिक

बाटी चोखा, गट्टे की सब्ज़ी, सेब टमाटर की सब्ज़ी

5. खीर/मीठा पकवान संबंधी प्रशिक्षण

इसके अंतर्गत, इच्छुक लाभार्थियों को रोजगार सृजन के उद्देश्य से प्रशिक्षण दिया जाएगा | इसमें विभिन्न डिशेज़ यथा ब्रेड बटर की खीर, बेक्ड कोकोनट खीर, बेक्ड चॉकलेट खीर, फ़्रूट ट्रिफ़ल, अनन्नास सोफ़ल, अल्बर्ट खीर, जिन्जर खीर, मिल्क केक, कला कंद, रसगुल्ला, गुलाब जामुन इत्यादि बनाने का प्रशिक्षण सम्मिलित होगा | 

सैद्धान्तिक

खीर/मीठा पकवान , बेकरी, सफाई एवं स्वच्छता (खाद्य सुरक्षा)

प्रायोगिक

विभिन्न प्रकार के ब्रेड बटर खीर, जिन्जर खीर, अल्बर्ट खीर, सोफ़ल , खीर इत्यादि | 

6. बेकरी आधारित प्रशिक्षण

इस प्रशिक्षण के अंतर्गत इच्छुक लाभार्थियों को रोजगार सृजन के उद्देश्य से विभिन्न प्रकार की डिशेज़ बनाने का प्रशिक्षण दिया जाएगा | इन डिशेज़ में सादा बन, फ़्रूट बन, पिज़्ज़ा बेस, बर्गर बन, टोस्ट, मीठा टोस्ट, काजू बिस्कुट, नान खटाई, कोकोनट कुकीज़ इत्यादि बनाने का प्रशिक्षण सम्मिलित होगा |

सैद्धान्तिक

केक बनाने की विधि, बिस्कुट व ब्रेड का उत्पादन, बेकरी में होने वाली डेफ़िशियेन्सी व उसका सेटलमेंट, पेस्ट्री की विधि, ब्रेड, केक, बिस्कुट इत्यादि |

प्रायोगिक

विभिन्न प्रकार के बिस्कुट, कुकीज़, पैटीज़, पेस्ट्री, केक तथा बन्स |

(सैद्धान्तिक)

  • कुकिंग के उद्देश्य, कच्चे माल की जानकारी, मेन्यू की योजना बनाना व सामग्री का चयन करना, सौस, शोरबा व सूप |
  • बेकरी सिद्धान्त, केक, बिस्कुट व ब्रेड उत्पादन विधियाँ, सफ़ाई व स्वच्छता (खाद्य सुरक्षा)

(प्रायोगिक)

  • शोरबा व सौस : 2+2
  • बर्गर/सैंडविच : -5
  • स्प्रिंग रोल :-2
  • फेंक्राइज़   : -2
  • विभिन्न प्रकार के मोमोज़ :   -2